लखनऊ (जेएनएन)। प्रदेश की राजधानी लखनऊ की वीआइपी क्षेत्र की सड़कों पर छह जनवरी को आलू फेंके जाने के मामले में समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव भी कूद पड़े हैं। समाजवादी पार्टी से जुड़े दो लोगों की कन्नौज से गिरफ्तारी के बाद अखिलेश यादव ने आज मीडिया से कहा कि इस ‘बड़े’ मामले को खोलने वाले लखनऊ के एसएसपी दीपक कुमार को तो मैं भविष्य में यश भारती से सम्मानित करूंगा। अखिलेश यादव ने आज लखनऊ में छात्रसंघ के तमाम पदाधिकारियों को संबोधित किया।
उन्होंने कहा कि लखनऊ में आलू फेंके जाने वाले मामले में समाजवादी पार्टी की भूमिका बताने वाले एसएसपी वाकई में बहुत काबिल अफसर हैं। उनको शायद पता नहीं है कि प्रदेश में कोल्ड स्टोर में आलू बर्बाद हो रहा है। हर किसान ने कर्ज ले रखा है। अगर समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता किसान हैं और वह कन्नौज से लखनऊ आलू लाए तो क्या गुनाह कर दिया।
लखनऊ के एसएसपी की हैसियत क्या है। यह एसएसपी चोर और अपराधियों को नहीं रोक पाए रहे हैं। जिनको कानून व्यवस्था सही करनी हो वह आलू किसानों को गिरफ्तार कर रहे हैं। एसएसपी के घर के पास में ही पूर्व विधायक के बेटे की हत्या हो गई। अगर आलू हमारे नेताओं ने फेंका तो क्या गलत किया। अब हम किसानों से कह रहे कि एक-एक बोरी आलू जिले के डीएम को दें। उसके बाद एक-एक छुट्टा जानवर भी हर जिले के डीएम को देंगे। सरकार के रवैये से कानून व्यवस्था सही नहीं होगी।
अखिलेश यादव ने सपा कार्यालय पर पदाधिकारियों की बैठक को संबोधित करते हुए भाजपा सरकार पर जमकर हमला बोला। अखिलेश ने कहा अब कहीं सुन रहे हैं छापा पड़ा, भाजपा ध्यान हटाने में माहिर है। भाजपा वाले ओपीनियन जेब मे लेकर चलते हैं किसान बर्बाद हो गया यहां, गन्ना किसानों का भुगतान नही हो पा रहा किसान को उसी के आलू की कीमत नहीं मिल रही है। कन्नौज के सपा कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी पर अखिलेश ने कहा कि किसान आलू डाल गए यहां और वो कन्नौज में ढूंढ रहे हैं। कोल्ड स्टोरेज वालों को भी सुविधा नही मिली है। यहां पर अब पुलिस कानून व्यवस्था सुधारने में नहीं, दूसरे कामों में लगी है। जिस तेजी से बाज़ार बदल रहा उस तरह सरकार तैयारी नही कर रही।


















