नकल में पकड़े गये विद्यार्थियों की वीडियों क्लिप के आधार पर होगी जांच
परीक्षा समिति की 72 वीं बैठक में लिये गये निर्णय
लखनऊ। एकेटीयू की परीक्षा समिति की बैठक में आज छात्र-छात्राओं के हित में कई फैसले लिये गये और मानवीय दृष्टिïकोण को ध्यान में रखते हुए विवि प्राशासन ने छात्र-छात्राओं के प्रति नरम रुख अपनाते हुए उन्हें परीक्षा में बैठने समेंत कई निर्णय लिये हैं।
समिति में लिये गये निर्णय के आधार पर सत्र 2017-18 एवं 2018-19 के बीफार्म के जिन विद्यार्थियों के द्वारा एनपीटीवाई नियम के अंतर्गत कोई लाभ नहीं लिया गया है उन अभ्यर्थियों को 20 नंबर का क्युम्लेटिव ग्रेस प्रदान किया जायेगा।
विवि के सम्बद्ध संस्थानों में अध्ययनरत ऐसे विधार्थी जिन्हें सम्बन्धित संस्थान द्वारा शिक्षण शुल्क न जमा कर पाने के कारण सत्र 2020-21 की सम सेमेस्टर की ऑनलाइन परीक्षाओं में डिटेन किया गया था, ऐसे समस्त विद्यार्थियों को लेफ्ट ओवर परीक्षाओं में विवि द्वारा मानवीयता के दृष्टिगत शामिल होने का मौका दिया जाएगा। विवि के राजकीय संस्थानों में जो अभ्यर्थी सत्र 2020-21 की सम सेमेस्टर की ऑनलाइन परीक्षाओं में किन्हीं कारणों से शामिल नहीं हो पाए थे वह भी लेफ्ट ओवर परीक्षाओं में शामिल हो सकेंगे।
इसी क्रम में सम सेमेस्टर की ऑनलाइन परीक्षाओं में 669 विद्यार्थियों को अपफेयर मीन्स के अंतर्गत पकड़ा गया है। विवि के कुलपति के द्वारा गठित समिति के समक्ष विद्यार्थियों की विडियो क्लिप और अन्य तथ्य प्रस्तुत किये जायेंगे, जिनके आधार पर समिति द्वारा ऐसे विद्यार्थियों के सम्बन्ध में निर्णय लिया जाएगा।
बैठक में दिव्यांग विद्यार्थियों को परीक्षा के दौरान प्रति घंटे पर 20 मिनट के अनुसार, अतिरिक्त समय प्रदान करने का निर्णय लिया गया। बैठक में विवि के कुलसचिव नन्द लाल सिंह, वित्त अधिकारी जीपी सिंह, परीक्षा नियंत्रक प्रो. अनुराग त्रिपाठी सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।


















