पिछले एक महीने में एक बड़े सफाई अभियान के तहत केंद्र सरकार के कार्यालयों से 13.73 लाख से ज्यादा फाइलें साफ कर दी गई हैं। भारत सरकार इस तरह से अपने ऑफिस में करीब 8 लाख वर्ग फीट जगह खाली करा ली है। खली हुए क्षेत्र में राष्ट्रपति भवन जैसी चार इमारतें आ जातीं। राष्ट्रपति भवन का फ्लोर एरिया 2 लाख वर्ग फीट है। इस दौरान कबाड़ बेचकर 40 करोड़ रुपये की कमाई हुई है।
भारत सरकार के लंबित मामलों को निपटाने के एक खास अभियान के तहत ये काम किया गया। कार्मिक राज्य मंत्री डॉ जितेंद्र सिंह ने सोमवार को 2 अक्टूबर को लॉन्च इस अभियान की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि सरकार ने इस दौरान कबाड़ बेचकर 40 करोड़ रुपये कमाए हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निर्देशों पर चलाये गए इस अभियान की इसी हफ्ते एक प्रोग्रेस रिपोर्ट सौंपी जाएगी।
प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग (DARPG) के शीर्ष अधिकारियों संग बैठक में अभियान के नतीजों की समीक्षा हुई। सिंह ने कहा कि 15.23 लाख फाइलों की पहचान की गई थी जिनमें से 13.73 लाख से ज्यादा फाइलें क्लियर कर दी गई हैं। इसी तरह 3.28 लाख जन शिकायतों के लक्ष्य में से 2.91 लाख फाइलों पर 30 दिन के भीतर ऐक्शन लिया गया। सांसदों की 11,057 चिट्ठियों में से 8,282 को एंटरटेन किया गया। यही नहीं, 834 में से 685 नियमों और प्रक्रियाओं को इस दौरान और सरल किया गया। कार्मिक मंत्रालय के अनुसार, मंत्री ने 2 अक्टूबर से 31 अक्टूबर के बीच DAPRG को नोडल विभाग बनाकर भारत सरकार के सभी मंत्रालयों और विभागों से लंबित मामलों को निपटाने का अभियान लॉन्च किया था।


















