विमानन कंपनी एयर इंडिया केंद्र सरकार को टाटा समूह के हवाले कर सकती है। तकरीबन 69 साल पहले टाटा समूह से विमानन कंपनी लेने के बाद उसे अब फिर वापस किया जा रहा है। यह जानकारी अधिकारियों ने बुधवार को दी।
सरकार ने प्रतिस्पर्धी बोली प्रक्रिया के बाद 18,000 करोड़ रुपये में एयर इंडिया को आठ अक्टूबर को टैलेस प्राइवेट लिमिटेड को बेच दिया था। यह टाटा समूह की होल्डिंग कंपनी की अनुषंगी इकाई है। अधिकारियोंके अनुसार सभी औपचारिकताएं पूरी होने के करीब हैं। एयर इंडिया को बृहस्पतिवार को समूह को सौंप दिए जाने की संभावना है।
इस बीच दो एयरलाइन पायलट यूनियन, इंडियन पायलट गिल्ड (आईपीजी) और इंडियन कमर्शियल पायलट एसोसिएशन (आईसीपीए) ने एयर इंडिया के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक विक्रम देव दत्त को कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी है। पायलटों की बकाया राशि पर कई कटौतियों और वसूली को इसकी वजह होने का अनुमान लगाया गया है। इसके अलावा दो अन्य यूनियनों ने अपनी उड़ानों से ठीक पहले हवाई अड्डों पर चालक दल के सदस्यों के बॉडी मास इंडेक्स (बीएमआई) मापने के लिए कंपनी के 20 जनवरी के आदेश का विरोध किया है।


















